छ: साल की मासूम बच्ची निशा ने माहे रमजान का रखा रोजा
छ: साल की मासूम बच्ची निशा ने माहे रमजान का रखा रोजा निशा के बड़े पापा ने फूल माला पहना कर सर पर हाथ रख कर दी दुआएं
माहे रमजान का महीना मुस्लिम समाज के लिए सबसे बड़ा पवित्र और रहमत वाला महीना माना जाता है माहे रमजान के हर इस्लाम को मानने वालों में खुशी होती है यह महीना अल्लाह की इबादत का महीना होता है रहमते लेकर आता है 11 मार्च को रमजान के चांद देखने से 12 मार्च से रो जे रखने का सिलसिला शुरू हो गया 30 दिन रोज रखने के बाद ईद मनाई जाती है मुस्लिम समुदाय में हर उम्र के लोग रोजा रखते हैं भूख प्यास के साथ अपनी हर इच्छाओं को दबाते अपने रब को राजी करने में लगे रहते हैं नवाज तरबी और रोजा रखकर अल्लाह की इबादत करते हैं आपको बताते चले कि जनपद झांसी के बबीना कबाड़ी बाजार में रहने वाली नन्हारी 6 वर्ष की मासूम लड़की हुमारा उर्फ निशा ने रखा माहे रमजान का रोजा मासूम लड़की निशा ने सुबह सहराई मै कुछ खाना और पानी पिया उसके बाद रोज की नियत की और नमाज अदा की सुबह से रहकर शाम तक भूखी प्यासी रहकर नवाज पढ़कर अल्लाह की इबादत में लगी रही वह अपने मजबूत इरादे के साथ लगभग 18 घंटे के बाद रोजा को पूरा किया जब शाम को रोजा खोलने का समय हो गया तब 6 वर्ष की मासूम लड़की निशा की दादी सकुरान ने और उसकी मां सायरा बानो ने फूल माला पहन कर लड़की मासूम निशा को नम आंखों से गले लगा कर सर पर हाथ रखकर निशा को दुआएं दी और फिर रोज खुलवाया मासूम लड़की निशा के ,चाचा आशिक अली ,बड़े पापा जाकिर हुसैन , चाचा सादिक उर्फ सदु,, नफीस, सुषमा नगमा, बहन सेजल, रोशनी , सलोनी , और शिफा, भाई जुनैद हुसैन, हैप्पी खान, सभी लोगों ने मासूम लड़की निशा को गले लगा कर और सर पर हाथ रखकर माथे को चुनकर और फिर दुआएं दी और फिर सभी ने रोजा अवतार किया फिर सभी ने नमाज अदा की घर के सभी लोगों ने अल्लाह से दुआएं मांगी कि हमारे देश मै भाईचारा और अमन चैन बना रहे बबीना मैं कबाड़ी बाजार मैं रहने वाली 6 साल की मासूम लड़की हुमायरा उर्फ निशा ने रोजा रखकर बबीना क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है और लड़की निशा की सभी लोग तारीफ और खूब सालाना कर रहे हैं
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